Haldwani हादसा: तीनपानी फ्लाईओवर पर कार पलटने से तीन नाबालिगों की मौत, JEE की तैयारी कर रहे थे तीनों दोस्त

एफएनएन , हल्द्वानी : हल्द्वानी के तीनपानी फ्लाईओवर पर हुए भीषण सड़क हादसे ने तीन परिवारों को गहरे सदमे में डाल दिया है। शुक्रवार, 23 अक्टूबर को तेज रफ्तार कार अनियंत्रित होकर पलट गई और डिवाइडर से जा टकराई। हादसे में दो किशोरों की मौके पर या उपचार के दौरान शुक्रवार को मौत हो गई, […]

Haldwani हादसा: तीनपानी फ्लाईओवर पर कार पलटने से तीन नाबालिगों की मौत, JEE की तैयारी कर रहे थे तीनों दोस्त

एफएनएन , हल्द्वानी : हल्द्वानी के तीनपानी फ्लाईओवर पर हुए भीषण सड़क हादसे ने तीन परिवारों को गहरे सदमे में डाल दिया है। शुक्रवार, 23 अक्टूबर को तेज रफ्तार कार अनियंत्रित होकर पलट गई और डिवाइडर से जा टकराई। हादसे में दो किशोरों की मौके पर या उपचार के दौरान शुक्रवार को मौत हो गई, जबकि तीसरे किशोर ने शनिवार को इलाज के दौरान दम तोड़ दिया। कार में सवार एक युवती गंभीर रूप से घायल है और अस्पताल में उसका उपचार जारी है।

तेज रफ्तार कार कई बार पलटी, डिवाइडर से टकराई

पुलिस के मुताबिक, हादसा शुक्रवार दोपहर करीब 3:25 बजे हुआ। फोर्ड फिगो कार बाईपास रोड पर गोलापुल की ओर से लालकुआं की तरफ जा रही थी। तीनपानी फ्लाईओवर पर चालक ने तेज गति में दूसरी कार को ओवरटेक करने की कोशिश की। इसी दौरान वह वाहन पर नियंत्रण खो बैठा। कार कई बार पलटने के बाद डिवाइडर से टकरा गई। टक्कर इतनी भीषण थी कि कार का अगला हिस्सा बुरी तरह क्षतिग्रस्त हो गया।

उत्कर्ष और सिद्धांत की शुक्रवार को मौत, प्रांजल ने शनिवार को तोड़ा दम

इस दुर्घटना में उत्कर्ष धपोला (16) और सिद्धांत पाठक (16) की शुक्रवार को मौत हो गई। वहीं, प्रांजल मावड़ी (17) ने शनिवार को उपचार के दौरान दम तोड़ दिया। हादसे में भाविका (16) गंभीर रूप से घायल हुई है, जिसका अस्पताल में इलाज चल रहा है।

तीनों किशोरों की मौत से उनके परिवारों में मातम पसरा है। जिस उम्र में वे अपने भविष्य को संवारने और करियर बनाने की तैयारी कर रहे थे, उसी उम्र में उनकी जिंदगी खत्म हो गई।

JEE पास कर इंजीनियर बनने का था सपना

सिद्धांत पाठक शुक्रवार को अपनी मां पुष्पलता पाठक से यह कहकर घर से निकला था कि वह अपने करीबी दोस्त उत्कर्ष धपोला से मिलने जा रहा है। दोनों साथ में कोचिंग करते थे और जेईई परीक्षा पास कर इंजीनियर बनने का सपना देख रहे थे।

कोचिंग के दौरान उनकी दोस्ती प्रांजल और भाविका से भी हुई थी। चारों दोस्तों के बीच अच्छी दोस्ती थी और सभी के परिवारों को उनसे भविष्य में बड़ी उम्मीदें थीं। लेकिन तीनपानी फ्लाईओवर पर हुआ हादसा इन परिवारों के लिए कभी न भूलने वाला दुख बन गया।

प्रांजल के पिता प्रोफेसर, बड़ा भाई एयरफोर्स में तैनात

प्रांजल मावड़ी के पिता भीमताल में प्रोफेसर हैं, जबकि उसका बड़ा भाई भारतीय वायुसेना में देश की सेवा कर रहा है। परिवार को प्रांजल से भी काफी उम्मीदें थीं। उसकी असमय मौत से परिवार पर दुखों का पहाड़ टूट पड़ा है।

वहीं, उत्कर्ष धपोला का परिवार करीब एक साल पहले बागेश्वर से हल्द्वानी आकर बसा था। बेटे के बेहतर भविष्य के लिए परिवार ने नए सपने संजोए थे। उत्कर्ष के पिता शैलेंद्र ने हाल ही में नई कार भी खरीदी थी। सिद्धांत के घर में अब उस बेटे की यादें रह गई हैं, जो दोस्त से मिलने की बात कहकर निकला था।

SSP ने अस्पताल पहुंचकर घायलों का जाना हाल

हादसे की जानकारी मिलने के बाद वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक (SSP) अस्पताल पहुंचे और घायलों के स्वास्थ्य की जानकारी ली। पुलिस मामले में वैधानिक कार्रवाई कर रही है। एसएसपी ने लोगों से अपील की है कि वे निर्धारित गति सीमा का पालन करें और वाहन चलाते समय सावधानी बरतें, ताकि इस तरह की दुर्घटनाओं से बचा जा सके।

इससे पहले भी ओवरब्रिज पर हुआ था दर्दनाक हादसा

हल्द्वानी में इससे पहले भी ओवरब्रिज पर एक बड़ा सड़क हादसा हुआ था, जिसमें चार युवकों की जान चली गई थी। दी गई जानकारी के अनुसार, 11 जुलाई को चार दोस्त ओवरब्रिज पर स्कूटी खड़ी कर बातचीत कर रहे थे। इसी दौरान एक स्कॉर्पियो कार ने उन्हें टक्कर मार दी थी। हादसे में चारों युवकों की मौत हो गई थी।

लगातार हो रहे ऐसे हादसे तेज रफ्तार और सड़क सुरक्षा को लेकर गंभीर सवाल खड़े करते हैं। पुलिस की अपील है कि वाहन चालक गति सीमा का पालन करें और सड़क पर अतिरिक्त सतर्कता बरतें।