कैमूर में कांग्रेस का सियासी संघर्ष: मनरेगा नाम परिवर्तन के खिलाफ भूख हड़ताल, आंदोलन की दी चेतावनी

प्रमोद कुमार, कैमूर। जिले में आज रविवार को कांग्रेस पार्टी के कार्यकर्ताओं ने भभुआ शहर के एकता चौक पर एक

कैमूर में कांग्रेस का सियासी संघर्ष: मनरेगा नाम परिवर्तन के खिलाफ भूख हड़ताल, आंदोलन की दी चेतावनी

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कम शब्दों में कहें तो, मुख्य विपक्षी पार्टी कांग्रेस ने मनरेगा कार्यक्रम के नाम परिवर्तन के खिलाफ प्रदर्शन करते हुए भूख हड़ताल शुरू कर दी है। आज रविवार को कैमूर जिले में कांग्रेस कार्यकर्ताओं ने भभुआ शहर के एकता चौक पर अपनी आवाज बुलंद की। इस भूख हड़ताल के दौरान कांग्रेस नेताओं ने गहरी चिंता व्यक्त की है कि सरकार द्वारा इस परिवर्तन से ग्रामीण क्षेत्रों में विकास कार्य प्रभावित होंगे।

भूख हड़ताल का उद्देश्य

कांग्रेस पार्टी ने यह भूख हड़ताल नाम परिवर्तन के खिलाफ एक विरोध प्रदर्शन के रूप में आयोजित की है। पार्टी का कहना है कि नाम बदलने से मनरेगा की पहचान नहीं बदली जा सकती, लेकिन यह ग्रामीण लाभार्थियों के लिए एक सकारात्मक संकेत नहीं है। कांग्रेस नेता स्पष्ट कर रहे हैं कि यदि उनकी मांगें पूरा नहीं होती हैं तो वे बड़े पैमाने पर आंदोलन करने को भी तैयार हैं।

क्या है मनरेगा?

महात्मा गांधी राष्ट्रीय ग्रामीण रोजगार गारंटी Act, 2005 (मनरेगा) एक महत्वपूर्ण सरकारी योजना है जिसका उद्देश्य गांव के लोगों को काम के अवसर प्रदान करना है। यह योजना रोजगार के अधिकार को सुनिश्चित करती है और ग्रामीण विकास में योगदान देती है। इसी बीच प्रदेश सरकार द्वारा इस योजना के नाम में परिवर्तन करने का निर्णय लिया गया है, जिसे कांग्रेस पार्टी ने जनविरोधी बताया है।

आंदोलन की चेतावनी

कांग्रेस नेताओं ने स्पष्ट किया है कि यदि सरकार उनकी मांगों के प्रति अनसूचना जारी करती है, तो वे अधिक उग्र आंदोलन करने के लिए मजबूर होंगे। पार्टी के कार्यकर्ताओं ने अपने समर्थकों का आह्वान किया है कि वे इस सियासी संघर्ष में सक्रिय रूप से भाग लें और सरकार की गलत नीतियों का विरोध करें।

स्थानीय नेताओं की प्रतिक्रिया

भभुआ में आयोजित इस भूख हड़ताल में कई स्थानीय नेताओं ने हिस्सा लिया। उन्होंने कहा कि यह केवल नाम नहीं है, बल्कि इससे प्रभावित लोगों के जीवन में बदलाव आएगा। कांग्रेस पार्टी ने इससे पहले भी सरकार पर ग्रामीण विकास के मुद्दों को नजरअंदाज करने का आरोप लगाया है।

निष्कर्ष

कांग्रेस का यह भूख हड़ताल मनरेगा के नाम परिवर्तन के खिलाफ एक बड़े जन आंदोलन की शुरुआत कर सकती है। ग्रामीण क्षेत्रों में विकास और रोजगार सृजन के संदर्भ में यह मुद्दा न केवल राजनीतिक बल्कि सामाजिक भी है। आने वाले दिनों में यह देखना दिलचस्प होगा कि सरकार इस मुद्दे पर क्या कदम उठाती है।

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सादर,
Team Dharm Yuddh - सुमित्रा शर्मा