सीएम योगी ने रामलला के दरबार में पेश किया विशेष संदेश, निषाद और वाल्मिकी समाज के साथ मनाएंगे दीवाली
अयोध्या. सीएम योगी ने दीपोत्सव के दूसरे दिन यानी 20 अक्टूबर को हनुमानगढ़ी दर्शन किए. उसके बाद रामलला के दर्शन
अयोध्या में रामलला के दरबार में पहुंचे सीएम योगी
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कम शब्दों में कहें तो, अयोध्या में दीपोत्सव का जश्न धूमधाम से मनाया जा रहा है। सीएम योगी आदित्यनाथ ने 20 अक्टूबर को हनुमानगढ़ी जाकर भगवान हनुमान के दर्शन किए और इसके बाद रामलला के दर्शन किए।
दीपोत्सव का महत्व
दीपावली, जो कि अयोध्या के लिए एक विशेष अवसर है, इस वर्ष और भी खास होने जा रहा है। मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने इस अवसर पर वाल्मिकी और निषाद समाज के लोगों के साथ मिलकर दीवाली मनाने का निर्णय लिया है। यह केवल एक धार्मिक अवसर नहीं है, बल्कि समाज के विभिन्न वर्गों के बीच भाईचारे का भी प्रतीक है।
सीएम योगी का संदेश
सीएम योगी ने इस मौके पर कहा, "रामलला के दर्शन करने का मौका हर किसी के जीवन में एक अद्वितीय अनुभव होता है। हम सभी को मिलकर इस त्योहार को मनाना चाहिए ताकि हम सभी एक परिवार की तरह एकजुट हो सकें।" उन्होंने विशेष रूप से निषाद और वाल्मिकी समुदाय के लोगों को आमंत्रित किया है, ताकि सभी मिलकर इस पर्व का आनंद ले सकें।
समाज का एकता में महत्व
सीएम योगी का मानना है कि अयोध्या का यह दीपोत्सव समाज में एकता बढ़ाने का माध्यम बनेगा। उन्होंने कहा, "हर वर्ग और समुदाय को इस उत्सव में भाग लेना चाहिए, ताकि हम धर्म के मार्ग पर चलें और समर्पण और श्रद्धा के साथ भगवान राम की पूजा करें।"
दीपोत्सव की तैयारियाँ
अयोध्या में इस साल दीपोत्सव के अवसर पर कई भव्य कार्यक्रम आयोजित किए जा रहे हैं। दीपों की सजावट और सांस्कृतिक कार्यक्रमों की तैयारी जोरों पर है। लोग अपने घरों को दीपों से सजाने में लगे हुए हैं और बाजारों में रौनक बढ़ गई है। ऐसे समय में सरकार भी सुरक्षा और व्यवस्था के पुख्ता इंतजाम कर रही है।
निषाद और वाल्मिकी समाज का योगदान
निषाद और वाल्मिकी समाज अयोध्या के संस्कृति और धरोहर का एक महत्वपूर्ण हिस्सा हैं। सीएम योगी के इस कदम से समाज में विकास की नई राहें खुलेंगी। उनकी भागीदारी से त्योहारों का महत्व और भी बढ़ जाएगा और यह समाज के हर सदस्य को एकजुट करने में सहायक होगा।
निष्कर्ष
इस दीवाली पर सीएम योगी का यह कदम समाज में एकता और सद्भावना को बढ़ाने का प्रयास है। एक विशेष संदेश के साथ, उन्होंने सभी समुदायों को आमंत्रित किया है कि वे इस पवित्र अवसर को मिलकर मनाएँ। अधिक जानकारी के लिए, और अपडेट्स के लिए हमारे वेबसाइट पर जाएं: धर्म युद्ध.
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टीम धर्म युद्ध
संगीता लोचन