उत्तराखंड ने पूरी प्रदेश का PDNA पहली बार NDMA को सौंपी रिपोर्ट: आर्थिक प्रभाव का आकलन
देहरादून: उत्तराखण्ड राज्य आपदा प्रबंधन प्राधिकरण (USDMA) ने वर्ष 2025 के दौरान राज्य में घटित विभिन्न आपदाओं से हुए नुकसान के आकलन हेतु तैयार पोस्ट डिजास्टर नीड एसेसमेंट (PDNA) रिपोर्ट राष्ट्रीय आपदा प्रबंधन प्राधिकरण (NDMA), भारत सरकार को प्रेषित कर दी है। इस रिपोर्ट में आपदाओं के कारण सामाजिक, अवसंरचना, उत्पादक तथा क्रॉस-कटिंग क्षेत्रों में हुए […] The post उत्तराखण्ड ने पहली बार पूरे प्रदेश का PDNA कर NDMA को सौंपी रिपोर्ट। appeared first on The Lifeline Today : हिंदी न्यूज़ पोर्टल.
उत्तराखंड ने पूरी प्रदेश का PDNA पहली बार NDMA को सौंपी रिपोर्ट
देहरादून: उत्तराखंड राज्य आपदा प्रबंधन प्राधिकरण (USDMA) ने वर्ष 2025 के दौरान राज्य में घटित विभिन्न आपदाओं के नुकसान का आकलन करने के लिए तैयार की गई पोस्ट डिजास्टर नीड एसेसमेंट (PDNA) रिपोर्ट को राष्ट्रीय आपदा प्रबंधन प्राधिकरण (NDMA), भारत सरकार को प्रस्तुत किया है। Breaking News, Daily Updates & Exclusive Stories - Dharm Yuddh
कम शब्दों में कहें तो
उत्तराखंड ने पहले बार पूरे प्रदेश स्तर पर PDNA किया है, जिससे आपदाओं के कारण हुए आर्थिक प्रभाव का विस्तृत आकलन किया गया है।
रिपोर्ट का मुख्य उद्देश्य
यह PDNA रिपोर्ट राज्य में आपदाओं की स्वीकृतियों, सामाजिक, अवसंरचना, उत्पादक और क्रॉस-कटिंग क्षेत्रों में हुए नुकसान, हानि तथा पुनर्वास एवं पुनर्निर्माण की आवश्यकताओं का विस्तृत आकलन प्रस्तुत करती है। उल्लेखनीय है कि उत्तराखंड देश का पहला राज्य है, जहाँ प्रदेश स्तर पर PDNA किया गया है।
आर्थिक प्रभाव का आकलन
रिपोर्ट के अनुसार, राज्य में आपदाओं के कारण कुल ₹15,103.52 करोड़ का समग्र आर्थिक प्रभाव आंका गया है। इसमें शामिल हैं:
- ₹3,792.38 करोड़ की प्रत्यक्ष क्षति (Damages)
- ₹312.19 करोड़ की हानि (Losses)
- ₹10,998.95 करोड़ की पुनर्वास, पुनर्निर्माण एवं बिल्ड बैक बेटर के तहत आवश्यक निवेश
क्षेत्रवार प्रमुख निष्कर्ष
सामाजिक क्षेत्र
सामाजिक क्षेत्र में कुल ₹4,966.85 करोड़ का आर्थिक प्रभाव दर्ज किया गया। आवास, शिक्षा और स्वास्थ्य क्षेत्र सबसे अधिक प्रभावित रहे। स्वास्थ्य क्षेत्र में ₹2,579.47 करोड़ और आवास क्षेत्र में ₹2,005.48 करोड़ का आर्थिक प्रभाव सामने आया।
अवसंरचना क्षेत्र
अवसंरचना क्षेत्र का आर्थिक प्रभाव ₹6,225.69 करोड़ आंका गया। जलापूर्ति क्षेत्र सबसे अधिक प्रभावित रहा, जहाँ ₹4,048.88 करोड़ का नुकसान रिकॉर्ड किया गया। इसके अलावा, सड़कों को ₹1,963.29 करोड़ और विद्युत क्षेत्र को ₹213.52 करोड़ का प्रभाव पड़ा।
उत्पादक क्षेत्र
कृषि, उद्यान, पशुपालन, मत्स्य, पर्यटन और वानिकी सहित उत्पादक क्षेत्रों में कुल ₹893.94 करोड़ का आर्थिक प्रभाव देखने को मिला। पर्यटन क्षेत्र को सर्वाधिक ₹744.94 करोड़ का नुकसान सहना पड़ा।
क्रॉस-कटिंग क्षेत्र
आपदा जोखिम न्यूनीकरण (DRR) के अनुसार ₹3,017.04 करोड़ की पुनर्निर्माण एवं सुदृढ़ीकरण आवश्यकताएं चिन्हित की गई हैं, जिससे भविष्य में आपदाओं के प्रभाव को कम किया जा सके।
अगले कदम
आपदा प्रबंधन एवं पुनर्वास विभाग के सचिव श्री विनोद कुमार सुमन ने बताया कि यह PDNA रिपोर्ट राज्य की भौगोलिक संवेदनशीलता, पर्वतीय परिस्थितियों और जलवायु परिवर्तन के प्रभावों को ध्यान में रखते हुए तैयार की गई है। यह रिपोर्ट केवल नुकसान का आकलन करने का उद्देश्य नहीं रखती, बल्कि एक अधिक सुरक्षित और आपदा-रोधी उत्तराखंड के निर्माण के लिए योजनाबद्ध पुनर्वास एवं पुनर्निर्माण का स्पष्ट रोडमैप प्रस्तुत करती है।
उन्होंने बताया कि इस रिपोर्ट के आधार पर केंद्र सरकार से आवश्यक वित्तीय सहयोग प्राप्त किया जाएगा, जिससे प्रभावित क्षेत्रों में शीघ्र पुनर्बहाली और बुनियादी ढांचे को बिल्ड बैक बेटर के सिद्धांत के अनुरूप मजबूत किया जा सकेगी।
अधिक जानकारी और अपडेट के लिए, [यहाँ क्लिक करें](https://dharmyuddh.com).
सादर,
टीम धर्म युद्ध
दिव्या शर्मा