सीएम धामी ने दी हरी झंडी: अंकिता भंडारी हत्या मामले में CBI जांच होगी शुरू
एफएनएन, देहरादून: आखिरकार बहुचर्चित अंकिता भंडारी हत्याकांड मामले में सीएम धामी ने सीबीआई जांच की संस्तुति दे दी है. ऐसे में अब अंकिता प्रकरण की तह तक जांच होने और उसे न्याय मिलने की उम्मीद है. सीएम धामी का कहना है कि अंकिता भंडारी के माता–पिता की अनुरोध व उनकी भावनाओं का सम्मान करते हुए प्रकरण […] The post सीएम धामी ने दी मंजूरी : अंकिता भंडारी मर्डर केस की होगी CBI जांच appeared first on Front News Network.
सीएम धामी ने दी हरी झंडी: अंकिता भंडारी हत्या मामले में CBI जांच होगी शुरू
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कम शब्दों में कहें तो, उत्तराखंड के मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने बहुचर्चित अंकिता भंडारी हत्या मामले में केंद्रीय अन्वेषण ब्यूरो (CBI) द्वारा जांच की मंजूरी दे दी है। इससे न्याय की प्रक्रिया का एक नया अध्याय शुरू होने की उम्मीद जगी है।
एफएनएन, देहरादून: अंकिता भंडारी हत्या मामले में मुख्यमंत्री धामी ने CBI जांच की संस्तुति दे दी है। इसकी वजह अंकिता के माता-पिता की मांग और उनके दर्द को समझते हुए की गई है। मुख्यमंत्री ने कहा है कि यह निर्णय न्याय सुनिश्चित करने के लिए महत्वपूर्ण है।
मुख्यमंत्री धामी का बड़ा निर्णय
उत्तराखंड में लगातार चल रही राजनीतिक गतिविधियों के बीच, मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने शुक्रवार, 9 जनवरी को इस मामले में सीबीआई जांच को मंजूरी दे दी। कुछ दिन पहले, अंकिता भंडारी के माता-पिता ने मुख्यमंत्री से मुलाकात की थी, जिसमें उन्होंने सीबीआई जांच की मांग की थी। मुख्यमंत्री ने उनके अनुरोध का सम्मान करते हुए तेज़ी से निर्णय लिया।
न्याय की प्रक्रिया का विकास
सीएम ने कहा कि सरकार का उद्देश्य हमेशा न्याय को निष्पक्ष, पारदर्शी और संवेदनशील तरीके से सुनिश्चित करना है। जैसे ही इस अत्यंत दुखद मामले का समाचार मिला, राज्य सरकार ने कार्रवाई में तेजी दिखाई। इसकी गंभीरता को समझते हुए विशेष जांच टीम (SIT) का गठन किया गया, जिसका नेतृत्व एक महिला आईपीएस अधिकारी ने किया।
अभियुक्तों की गिरफ्तारी और सुनवाई
इस मामले में सभी अभियुक्तों को जल्दी ही गिरफ्तार किया गया और राज्य सरकार ने प्रभावी पैरवी सुनिश्चित की। इसकी वजह से निचली अदालत में जमानत नहीं मिली और अभियुक्तों के खिलाफ चार्जशीट भी दाखिल की गई। सुनवाई के बाद, सभी अभियुक्तों को आजीवन कारावास की सजा सुनाई गई।
सोशल मीडिया और सियासी विवाद
हाल ही में अभिनेत्री उर्मिला सनावर की ओर से सोशल मीडिया पर जो ऑडियो क्लिप्स साझा की गई, उसके बाद से इस मामले में राजनीतिक सियासत तेज हो गई। विभिन्न राजनीतिक दल इस मामले की सीबीआई जांच की मांग कर रहे थे, जिसमें मुख्य विपक्षी दल कांग्रेस का भी नाम शामिल था।
मुख्यमंत्री की मुलाकात और महत्वपूर्ण बातचीत
मुख्यमंत्री धामी ने कहा कि उन्होंने हाल ही में स्वयं अंकिता भंडारी के माता-पिता से मुलाकात की थी। उस बातचीत में माता-पिता ने सीबीआई जांच की मांग की थी, जिसे देखते हुए सरकार ने सीबीआई जांच कराने का निर्णय लिया।
इस प्रकार, उत्तराखंड सरकार ने अंततः सीबीआई जांच की घोषणा की है, इससे अंकिता भंडारी हत्या मामले में न्याय मिलने की कोई उम्मीद जगी है। कई सामाजिक संगठनों और राजनीतिक दलों की मांग पर सरकार द्वारा यह कदम उठाया गया है। अब लोगों की निगाहें सीबीआई जांच पर लगी हुई हैं।
अंकिता भंडारी की हत्या से जुड़े सभी पहलुओं की बारीकी से जांच की जाएगी, ताकि न्याय प्रक्रिया निष्पक्ष और सटीक हो सके। लोग अब इस मामले को पूरी सावधानी से देख रहे हैं।
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सादर,
टीम धर्म युद्ध
राधिका शर्मा